भारतीय तीरंदाज भावना चौधरी और पूजा जटयान शुक्रवार को महिला पैरा रिकर्व डबल्स फाइनल में चीन की गाओ जिहान और वांग ज़ुएकियान से 0-6 से हार गईं और उन्हें सिल्वर मेडल से ही संतोष करना पड़ा।
ओकाज़ाकी चुओ सोगो पार्क मल्टीपर्पस स्क्वायर में भारतीय जोड़ी ने तीनों सेट गंवा दिए, जिसमें उन्होंने 31, 30 और 29 पॉइंट बनाए, जबकि चीन की जोड़ी ने 38, 35 और 39 पॉइंट बनाए।
चीनी जोड़ी ने तीनों सेट जीतकर 6-0 से गोल्ड मेडल जीता।इस हार के साथ ही भावना चौधरी और पूजा जटयान को रजत पदक से संतोष करना पड़ा, जबकि चीन की जोड़ी ने शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक अपने नाम कर लिया। यह मुकाबला ओकाज़ाकी चुओ सोगो पार्क मल्टीपर्पस स्क्वायर में खेला गया, जहां दोनों टीमों के बीच कड़ी प्रतिस्पर्धा देखने को मिली। हालांकि, भारतीय तीरंदाज तीनों सेट में चीनी खिलाड़ियों से पीछे रहीं और मुकाबले में वापसी करने में सफल नहीं हो सकीं। पहले सेट में भारतीय जोड़ी ने 31 अंक हासिल किए, जबकि चीन की खिलाड़ियों ने 38 अंक बनाकर बढ़त हासिल कर ली। दूसरे सेट में भी चीन की जोड़ी ने अपना दबदबा बनाए रखा। भारतीय खिलाड़ियों ने इस सेट में 30 अंक जुटाए, लेकिन चीनी तीरंदाजों ने 35 अंक हासिल करते हुए मुकाबले में अपनी स्थिति और मजबूत कर ली। तीसरे सेट में भारतीय जोड़ी ने 29 अंक बनाए, जबकि चीन की टीम ने 39 अंक हासिल किए। इस तरह चीन की गाओ जिहान और वांग ज़ुएकियान ने लगातार तीनों सेट जीतकर 6-0 से मुकाबला अपने नाम कर लिया। पूरे मैच के दौरान चीनी खिलाड़ियों ने बेहतर निशानेबाजी और निरंतरता का प्रदर्शन किया। भारतीय जोड़ी ने भी अपना सर्वश्रेष्ठ देने की कोशिश की, लेकिन फाइनल में वह अपेक्षित प्रदर्शन नहीं कर सकी। हालांकि, रजत पदक जीतना भावना चौधरी और पूजा जटयान के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पैरा तीरंदाजी में भारत की भागीदारी लगातार मजबूत हो रही है और भारतीय खिलाड़ी विभिन्न प्रतियोगिताओं में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर रहे हैं। इस मुकाबले में स्वर्ण पदक हासिल करने का मौका भले ही हाथ से निकल गया, लेकिन रजत पदक के साथ भारतीय खिलाड़ियों ने देश का प्रतिनिधित्व करते हुए अपनी उपलब्धियों में एक और पदक जोड़ लिया। अब भारतीय तीरंदाजों की नजरें आगामी प्रतियोगिताओं में बेहतर प्रदर्शन करने और स्वर्ण पदक जीतने पर रहेंगी।















