प्रधानमंत्री मोदी ने 11वें मिशनाध्यक्ष सम्मेलन में भारत की वैश्विक भागीदारी को मजबूत करने का आह्वान किया।


देश 01 May 2026
post

प्रधानमंत्री मोदी ने 11वें मिशनाध्यक्ष सम्मेलन में भारत की वैश्विक भागीदारी को मजबूत करने का आह्वान किया।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने व्यापार, प्रौद्योगिकी और रणनीतिक साझेदारियों को बढ़ावा देकर और प्रवासी भारतीयों के साथ संबंध मजबूत करके भारत की वैश्विक भागीदारी को सुदृढ़ करने का आह्वान किया है। मोदी विदेश मंत्रालय द्वारा 28 से 30 अप्रैल तक नई दिल्ली में आयोजित 11वें मिशन प्रमुख सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। इस वर्ष के सम्मेलन का मुख्य विषय था "2047 के लिए भारतीय कूटनीति में सुधार"।
 
अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने अपने विचार और सुझाव साझा किए और 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए भारत की राजनयिक प्रतिबद्धताओं पर मार्गदर्शन प्रदान किया। प्रधानमंत्री को भविष्य के लिए तैयार कूटनीति, व्यापार, प्रौद्योगिकी और पर्यटन (3T) को बढ़ावा देने और भारत की गाथा को व्यापक रूप देने पर भी प्रस्तुतियाँ दी गईं। श्री मोदी ने मिशन प्रमुखों से अंतर्दृष्टि प्राप्त की और वरिष्ठ एवं युवा राजनयिकों के दृष्टिकोणों को भी सुना, जो भारत की वैश्विक भागीदारी को मजबूत करने से संबंधित थे।
 
विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने 29 अप्रैल को उद्घाटन भाषण दिया। डॉ. जयशंकर ने कहा कि उनकी इस बातचीत से पिछले दशक में विश्व के साथ भारत की भागीदारी के महत्वपूर्ण विस्तार को मान्यता मिली है। मंत्री ने कहा कि अस्थिर और अशांत विश्व में भारतीय कूटनीति राष्ट्रीय हितों को आगे बढ़ाने और राष्ट्रीय लक्ष्यों को सुरक्षित करने के लिए तत्पर है।
 
तीन दिवसीय सम्मेलन के दौरान, मिशन प्रमुखों ने योग, विचार-मंथन सत्र, टेबलटॉप अभ्यास और विभिन्न भू-राजनीतिक घटनाक्रमों, उभरती प्रौद्योगिकियों, 3T (व्यापार, प्रौद्योगिकी और पर्यटन), भारत की गाथा और भविष्य के लिए तैयार कूटनीति जैसे विषयों पर चर्चा में भाग लिया।

You might also like!