08 जून। पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव, कच्चे तेल की कीमतों में उछाल और वैश्विक बाजारों से मिले कमजोर संकेतों के बीच सोमवार को भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत तेज गिरावट के साथ हुई। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स और निफ्टी दोनों में करीब 1 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।
सेंसेक्स 800 अंकों से अधिक यानी 1.11 प्रतिशत की गिरावट के साथ 73,421.61 पर खुला, जबकि निफ्टी 286 अंक यानी 1.22 प्रतिशत टूटकर 23,080.70 पर पहुंच गया।
सेक्टोरल इंडेक्स की बात करें तो रियल्टी, मेटल, ऑटो और सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) शेयरों में सबसे अधिक बिकवाली देखने को मिली। रियल्टी इंडेक्स करीब 2 प्रतिशत टूटा, जबकि मेटल, ऑटो और आईटी इंडेक्स में 1 प्रतिशत से अधिक की गिरावट दर्ज की गई।
निफ्टी के प्रमुख कमजोर शेयरों में विप्रो, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस), हिंडाल्को इंडस्ट्रीज, टाटा स्टील, जेएसडब्ल्यू स्टील, बजाज फाइनेंस और श्रीराम फाइनेंस शामिल रहे।
गिरावट केवल बड़ी कंपनियों तक सीमित नहीं रही। व्यापक बाजार में भी दबाव देखने को मिला। निफ्टी मिडकैप 100, मिडकैप 150 और स्मॉलकैप इंडेक्स करीब 1 प्रतिशत तक फिसल गए।
इस बीच बाजार में अस्थिरता भी बढ़ गई। इंडिया वीआईएक्स (वोलैटिलिटी इंडेक्स) लगभग 15 प्रतिशत उछलकर 18 के आसपास पहुंच गया।
निफ्टी के लिए 23,100-23,000 का स्तर तत्काल समर्थन क्षेत्र है, जबकि 23,500-23,700 का दायरा प्रमुख प्रतिरोध बना हुआ है।
कच्चे तेल की कीमतों में भी तेजी देखी गई। अंतरराष्ट्रीय बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड 4 प्रतिशत बढ़कर 96.90 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया, जबकि अमेरिकी डब्ल्यूटीआई क्रूड 4.64 प्रतिशत की बढ़त के साथ 94.75 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार करता दिखा।
एशियाई बाजारों में भी कमजोरी का माहौल रहा। जापान का निक्केई करीब 4 प्रतिशत गिर गया, दक्षिण कोरिया का कोस्पी 5 प्रतिशत तक टूट गया और हांगकांग का हैंग सेंग लगभग 1 प्रतिशत नीचे कारोबार करता दिखा।

















