आसमान में छाए काले बादल और रिमझिम बारिश का मौसम अमूमन हर किसी को सुहावना लगता है। लेकिन यह मौसम अपने साथ कई तरह के बैक्टीरिया, वायरस और फंगल इंफेक्शन भी लेकर आता है। मानसून में हमारी पाचन शक्ति कमजोर हो जाती है, जिससे फूड पॉइजनिंग और पेट दर्द की समस्याएं बढ़ जाती हैं। इस मौसम में खुद को फिट रखने के लिए आपको अपनी डाइट का बेहद खास ध्यान रखने की जरूरत होती है। इस मौसम में लोगों का मन अक्सर कुछ चटपटा खाने का करता है। लेकिन मानसून में कुछ चीजों का सेवन आपको बीमार बना सकता है। यहां हम आपको कुछ ऐसे फूड्स के बारे में बताने जा रहे हैं जिनका सेवन मानसून में आपके लिए मुसीबत खड़ी कर सकता है।
इन 4 चीजों से तुरंत बना लें दूरी
सड़क किनारे मिलने वाले स्ट्रीट फूड
बारिश के मौसम में गोलगप्पे, चाट और पकौड़े खाने का मन सबसे ज्यादा करता है। लेकिन खुले में मिलने वाले इन फूड्स में बैक्टीरिया का खतरा सबसे अधिक होता है। इनमें इस्तेमाल होने वाला पानी और तेल दूषित हो सकता है, जिससे टाइफाइड या डायरिया जैसी समस्याएं हो सकती है। ऐसे में इन फूड्स से दूरी बनाएं।
पत्तेदार सब्जियां
पालक, पत्तागोभी और मेथी जैसी हरी पत्तेदार सब्जियां वैसे तो सेहत के लिए बेहद फायदेमंद मानी जाती है, लेकिन मानसून में इनमें कीड़े और बैक्टीरिया पनपने की संभावना बहुत ज्यादा होती है। नमी के कारण इन्हें साफ करना मुश्किल होता है।
सी-फूड
बारिश का मौसम मछलियों और अन्य समुद्री जीवों के प्रजनन का समय होता है। इस दौरान सी-फूड खाने से फूड पॉइजनिंग और पेट इंफेक्शन का खतरा बढ़ जाता है।
कटी हुई सब्जियां और फल
बाजार में मिलने वाले पहले से कटे हुए फल और जूस पीने से बचें। हवा में मौजूद नमी के कारण कटे हुए फलों पर बैक्टीरिया बहुत जल्दी हमला करते हैं।
मानसून में कैसे रखें सेहत का ध्यान?
गुनगुना और साफ पानी पिएं
इस मौसम में वॉटर-बॉर्न बीमारियों का खतरा सबसे ज्यादा होता है। हमेशा पानी को उबालकर या फिल्टर करके ही पिएं।
हर्बल टी और काढ़ा
अपनी डाइट में अदरक, तुलसी, काली मिर्च और लौंग से बनी हर्बल चाय शामिल करें। यह आपकी इम्यूनिटी को बूस्ट करेगी।
हल्का और ताजा भोजन
घर पर बना गर्म और सुपाच्य भोजन ही खाएं। खिचड़ी, सूप और उबली हुई सब्जियां इस मौसम के लिए बेस्ट हैं।
सब्जियों को अच्छे से धोएं
अगर आप सब्जियां बना रहे हैं, तो उन्हें गुनगुने पानी में थोड़ा नमक या सिरका डालकर अच्छी तरह साफ करें। फिर सब्जियां बनाएं।

















