रायगढ़ । जिले में बैंकिंग व्यवस्था पर सवाल खड़े करने वाला एक गंभीर मामला सामने आया
है। तमनार तहसील के ग्राम केराखोल निवासी सिरमती राठिया ने आरोप लगाया है कि उनके
दिवंगत पति धनुर्जय राठिया के बैंक खाते से उनकी मृत्यु के बाद करीब 30 लाख रुपये की अवैध निकासी कर ली गई।
पीड़िता के मुताबिक, उनके पति का निधन 9 जून 2020 को हो चुका
था, लेकिन इसके बावजूद घरघोड़ा स्थित आईसीआईसीआई बैंक
शाखा में संचालित खाते से बड़ी रकम का लेन-देन होता रहा। यह स्थिति एक सुनियोजित
धोखाधड़ी की ओर इशारा करती है। हैरानी की बात यह है कि इतने बड़े ट्रांजेक्शन के
बावजूद बैंक स्तर पर किसी तरह की आपत्ति या जांच सामने नहीं आई।
मामले का
खुलासा होने पर सिरमती
राठिया ने 23
मई 2025 को थाना घरघोड़ा में शिकायत दर्ज
कराई थी। उन्हें उम्मीद थी कि पुलिस इस मामले में तत्परता से कार्रवाई करेगी, लेकिन लगभग 11 महीने बीत जाने के बाद भी कोई ठोस
कदम नहीं उठाया गया।
स्थानीय
स्तर पर कार्रवाई नहीं होने से निराश पीड़िता ने 15 अप्रैल 2026 को रायगढ़ पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर शिकायत
दर्ज कराई और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। उन्होंने दोषियों के खिलाफ सख्त
कार्रवाई और निकाली गई राशि की पूरी जांच की मांग की है।
यह मामला न
केवल संभावित धोखाधड़ी को उजागर करता है, बल्कि बैंकिंग सुरक्षा, केवाईसी प्रक्रिया और निगरानी तंत्र की गंभीर खामियों
को भी सामने लाता है। अब देखना होगा कि पुलिस प्रशासन इस मामले में क्या कार्रवाई
करता है और पीड़िता को कब तक न्याय मिल पाता है।















